NCERT Solutions for Class 5 Hindi Chapter 6 चतुर चित्रकार provide clear, step-by-step answers to every exercise and in-text question from the chapter चतुर चित्रकार of the NCERT textbook वीणा. Prepared by subject experts as per the latest NCERT (CBSE) syllabus for 2026-27, these NCERT Solutions for Class 5 Hindi help you understand each concept, write exam-ready answers, and check your own solutions. You can read them online below or download the free Class 5 Hindi Chapter 6 question-answer PDF.
NCERT Solutions for Class 5 Hindi Chapter 6 चतुर चित्रकार
- Class: Class 5
- Subject: Hindi
- Chapter: Chapter 6 – चतुर चित्रकार
- Textbook: वीणा (NCERT)
- Study material: NCERT Solutions – questions with answers, free PDF
These solutions answer all the exercise questions of Chapter 6 चतुर चित्रकार — including the in-text questions, short-answer and long-answer questions, and activities — with complete explanations so you can follow the method, not just the final answer. Read the full solutions below.
NCERT Solutions Class 5 Hindi Chapter 6 चतुर चित्रकार View Download













































NCERT Solutions for Class 5 Hindi Chapter 6 PDF Download
You can read the NCERT Solutions for Class 5 Hindi Chapter 6 online above, or download the complete question-answer PDF to study चतुर चित्रकार offline at any time.
NCERT Solutions for Class 5 Hindi Chapter 6 PDF Download Link – Click Here to Download Solutions PDF
Questions Covered in This Chapter
These NCERT Solutions answer all 45 questions of this chapter. The questions solved are:
- चित्रकार की कौन-सी विशेषता आपको सबसे अधिक अच्छी लगी और क्यों?
- शेर ने चित्रकार को ‘कायर-डरपोक’ कहा। क्या आपको लगता है कि चित्रकार वास्तव में कायर और डरपोक था या वह चतुर और समझदार था? अपने उत्तर का कारण बताइए।
- आपके अनुसार ऐसे कौन-कौन से कार्य हैं जिनका निरंतर अभ्यास करने से उनमें कुशलता बढ़ जाती है?
- यदि झील के किनारे नाव न होती तो चित्रकार शेर से अपनी जान बचाने के लिए क्या उपाय करता?
- चित्रकार ने जंगल के किस स्थान पर चित्र बनाना शुरू किया? (क) नदी के किनारे (ख) सुनसान जगह (ग) पेड़ों के नीचे (घ) पहाड़ की चोटी पर
- यमराज का मित्र किसे कहा गया है? (क) शेर को (ख) चित्रकार को (ग) नाविक को (घ) शिकारी को
- चित्रकार ने शेर से अपने प्राण कैसे बचाए? (क) धैर्य और चतुराई से (ख) क्रोध और शक्ति से (ग) डर और घबराहट से (घ) अहंकार और गर्व से
- चित्रकार ने शेर को पीठ फेरकर बैठने के लिए क्यों कहा? (क) ताकि वह शेर की पीठ का चित्र बना सके। (ख) ताकि वह भागने की योजना पूरी कर सके। (ग) ताकि शेर आराम से बैठ सके। (घ) ताकि शेर के साथ आँख-मिचौनी खेल सके।
- चित्रकार जिस वातावरण में चित्र बना रहा था, उसका वर्णन कीजिए।
- चित्रकार ने शेर को जंगल में चित्रकला का अभ्यास करने के लिए क्यों कहा होगा?
- आपको इस कविता की कौन-सी घटना सबसे रोचक लगी?
- चित्रकार ने शेर से बचने के लिए क्या किया?
- चित्रकार ने शेर को ‘जंगल के सरदार’ नाम से क्यों पुकारा होगा?
- यदि चित्रकार जंगल में रुक जाता और शेर से मित्रता करने का प्रयत्न करता तो क्या होता?
- यदि शेर को भी चित्रकला में रुचि होती तो वह कौन-से चित्र बनाना पसंद करता?
- यदि चित्रकार के स्थान पर आप होते तो शेर से बचने के लिए क्या करते?
- कविता में से चुनकर कुछ पंक्तियाँ नीचे दी गई हैं। इनमें छिपे मुहावरे पहचानिए और उनके नीचे रेखा खींचिए — (क) “उसे देखकर चित्रकार के तुरंत उड़ गए होश।”
- (ख) “नदी, पहाड़, पेड़, पत्तों का, रह न गया कुछ जोश।”
- (ग) “चित्रकार ने नाव पकड़कर, ली जी भर के साँस।”
- (घ) “इधर शेर था धोखा खाकर, झुँझलाहट में चूर।”
- अब इन मुहावरों का प्रयोग करते हुए अपने मन से नए-नए वाक्य बनाइए।
- नीचे दी गई पंक्तियों को ध्यान से पढ़िए — • इतने ही में वहाँ आ गया, यम राजा का मित्र। • चित्रकार चुपके से खिसका, जैसे कोई चोर। • जल्दी-जल्दी नाव चलाकर, निकल गया वह दूर। … आगे दिए गए ऐसे ही क्रिया शब्दों का प्रयोग करते हुए अपने मन से वाक्य बनाइए — (आने के लिए) आना, पहुँचना, दाखिल होना, प्रवेश करना, उपस्थित होना; (जाने के लिए) निकल पड़ना, रवाना होना, उड़ना, फिसलना, खिसकना
- अब नीचे दिए गए वाक्यों में रेखांकित संज्ञा शब्दों को हटाकर उचित सर्वनाम शब्दों का प्रयोग कीजिए — (क) फिर शेर को चुपचाप देखकर चित्रकार को कुछ हिम्मत आई। → फिर उसे चुपचाप देखकर उसको कुछ हिम्मत आई।
- (ख) चित्रकार जल्दी-जल्दी नाव चलाकर दूर निकल गया। → …………………… जल्दी-जल्दी नाव चलाकर दूर निकल गया।
- (ग) चित्रकार नाव में बैठ गया। → …………………… नाव में बैठ गया।
- (घ) शेर बहुत गुस्से में था। → …………………… बहुत गुस्से में था।
- (ङ) चित्रकार और शेर के बीच वार्तालाप हुआ। → …………………… के बीच वार्तालाप हुआ।
- ‘चतुर चित्रकार’ कविता में आपने शेर और चित्रकार की कहानी का आनंद लिया। अब इस कहानी को अपने शब्दों में लिखिए।
- इस कहानी के अंत में चित्रकार नाव में बैठकर दूर चला जाता है। अपनी कल्पना से इस कहानी का अंत बदलकर लिखिए। उदाहरण के लिए — • चित्रकार शेर से मित्रता कर लेता है। • शेर चित्र बनाने में चित्रकार की सहायता करता है।
- नीचे दी गई शेर और चित्रकार के मध्य बातचीत को अपनी कल्पना से पूरा कीजिए — चित्रकार: “अरे जंगल के राजा! आप चुपचाप क्यों बैठे हैं?” … (आगे की छह खाली पंक्तियाँ भरनी हैं)
- चित्रकार और शेर की विशेषताओं की तुलना कीजिए और उचित स्थान पर सही (✓) या गलत (✗) का चिह्न लगाइए — गुण: बुद्धिमान, शक्तिशाली, डरपोक, चतुर, डरावना, साहसी, भोला, जिज्ञासु
- चित्रकार अपनी चतुराई का प्रयोग करके संकट से बच गया था। क्या कभी आपने किसी संकट का सामना करने के लिए अपनी चतुराई दिखाई है? उस अनुभव को कक्षा में साझा कीजिए।
- क्या आपने कभी किसी की संकट में सहायता की है? बताइए कि आपने कैसे सहायता की थी।
- कल्पना कीजिए कि चित्रकार ने जंगल में एक चित्रकला विद्यालय खोला है। आप इस विद्यालय का कोई नाम सुझाइए और इसके बारे में कुछ वाक्य अपनी लेखन-पुस्तिका में लिखिए।
- इस विद्यालय के बारे में एक आकर्षक विज्ञापन बनाइए जिसे पढ़कर जंगल के पशु-पक्षियों में इस विद्यालय में प्रवेश लेने की इच्छा जाग जाए। (जैसे – प्रवेश जारी है। एक अनोखा विद्यालय, आपके पड़ोस में, आइए और सीखिए…)
- अपने अभिभावकों के साथ पशु-पक्षियों से संबंधित भारतीय वृत्तचित्र (डॉक्युमेंट्री) देखिए और उससे प्राप्त जानकारी कक्षा में साझा कीजिए।
- मान लीजिए, शेर और चित्रकार अच्छे मित्र हैं। वे चाहते हैं कि जंगल में सुख-शांति रहे। आप उन्हें जंगल में शांति के लिए क्या उपाय सुझाएँगे? कम से कम तीन सुझाव अपनी लेखन-पुस्तिका में लिखिए। (संकेत – ऐसे उपाय सोचिए जिनसे जंगल के पेड़-पौधे, हवा-पानी और पशु-पक्षी सुरक्षित रहें।)
- पुस्तकालय से अपने शिक्षक की सहायता से पंचतंत्र अथवा हितोपदेश में से उन कहानियों को ढूँढ़िए जिनमें पशु-पक्षियों और मनुष्यों के मध्य संवाद हों।
- चित्रकार जिस जंगल में गया था, वहाँ कौन-कौन से पेड़ हो सकते थे? आइए इस पहेली से पता लगाते हैं। इस पहेली को इसी कविता के कवि ने रचा है। अपने समूह में मिलकर पहेली बूझिए — “बाबूलाल मदन मुरलीधर इलाचंद्र हुबलाल। गिरिजाशंकर बेनीमाधव दंडपाणि यशपाल॥ गणपति काशीराम कलापी टहलराम घनश्याम। लेकर गए एक से दूने, कितने थे कुल आम?”
- ऊपर दी गई कविता में 12 पेड़ों के नाम छिपे हैं। उन नामों को ढूँढ़िए, जैसे – गणपति, कलापी और टहलराम शब्दों में से ‘पीपल’ निकलता है। कोई एक अक्षर कई नामों के लिए भी प्रयुक्त हो सकता है।
- ‘दो मेंढकों की यात्रा’ किस बारे में है? इस कहानी को अपने शब्दों में बताइए।
- दोनों मेंढक पहाड़ की चोटी पर एक-दूसरे के कंधों पर पैर रखकर क्यों खड़े हुए? उनसे कौन-सी गलती हो गई?
- दोनों मेंढकों को क्योटो और ओसाका एक जैसे क्यों दिखाई दिए?
- ‘दो मेंढकों की यात्रा’ से हमें क्या सीख मिलती है?
- ‘दो मेंढकों की यात्रा’ का ‘चतुर चित्रकार’ पाठ से क्या संबंध है?
Chapter at a Glance
- चतुर चित्रकार एक कविता है। इसके रचनाकार रामनरेश त्रिपाठी हैं। उनका नाम कविता के ठीक नीचे, पृष्ठ 62 पर छपा है। रामनरेश त्रिपाठी हिंदी के जाने-माने कवि थे। वे बच्चों के लिए ऐसी कविताएँ लिखते थे जो कहानी की तरह चलती हैं और अंत में एक सीख दे जाती हैं। यह कविता भी वैसी ही है।
- कविता एक सुनसान जगह से शुरू होती है। सुनसान यानी जहाँ कोई न हो, बिलकुल खाली। वहाँ एक चित्रकार बैठकर चित्र बना रहा है। तभी वहाँ ‘यम राजा का मित्र’ आ जाता है। यम राजा मृत्यु के देवता माने जाते हैं। यानी जो आया है, वह मौत जैसा डरावना है — वह शेर है।
- शेर को देखते ही चित्रकार के होश उड़ गए। नदी, पहाड़, पेड़ और पत्तों का चित्र बनाने का सारा जोश खत्म हो गया। पर उसने देखा कि शेर चुपचाप बैठा है, हमला नहीं कर रहा। इससे उसे कुछ हिम्मत आई और उसने कहा — “सुंदर चित्र बना दूँ, बैठ जाइए आप।”
- शेर मान गया। वह उकड़ू-मुकड़ू — यानी घुटने मोड़कर, सारे अंग समेटकर — बैठ गया और बड़े ध्यान से चित्रकार को देखने लगा। थोड़ी देर बाद चित्रकार ने कहा कि आगे का चित्र बन गया, अब आप मुँह उधर कर लीजिए, ‘जंगल के सरदार’। शेर ने पीठ फेर ली और आँखें मूँदकर बैठ गया।
- यही चित्रकार की चाल थी। शेर के पीठ फेरते ही वह चुपके से खिसक गया, जैसे कोई चोर। झील किनारे एक नाव रखी थी और साथ में एक बाँस। चित्रकार ने नाव पकड़ी, जी भर के साँस ली और जल्दी-जल्दी नाव चलाकर दूर निकल गया।
- इधर शेर बहुत देर तक आँखें मूँदे बैठा रहा। फिर उसने सोचा कि इतनी देर क्यों हो रही है। मुड़कर देखा तो चित्रकार गायब! वह झुँझलाहट — यानी खीझ — में चूर हो गया। खिसियाकर बोला — “नाव जरा ले रोक, कलम और कागज तो ले जा, रे कायर डरपोक।”
- चित्रकार ने बहुत सुंदर उत्तर दिया — “रखिए अपने पास, चित्रकला का आप कीजिए, जंगल में अभ्यास।” यानी कलम-कागज आप ही रखिए और खुद चित्र बनाना सीखिए। इसी चुटीले उत्तर पर कविता खत्म होती है और हमें हँसी भी आ जाती है।
- कविता का भाव यह है कि ताकत से बड़ी चीज़ सूझ-बूझ है। शेर बहुत शक्तिशाली था, पर चित्रकार ने बिना लड़े, बिना चिल्लाए, केवल धैर्य और चतुराई से अपने प्राण बचा लिए। कविता यह भी सिखाती है कि डर लगना बुरी बात नहीं है — डरकर हाथ-पैर छोड़ देना बुरी बात है।
- कविता की भाषा सरल, चलती-फिरती और तुकबंदी वाली है — चित्र-मित्र, होश-जोश, चुपचाप-आप, ओर-चोर, बाँस-साँस, दूर-चूर, रोक-डरपोक, पास-अभ्यास। इसमें कई मुहावरे भी आए हैं — होश उड़ना, जी भर के साँस लेना और धोखा खाना। पाठ के बाद पृष्ठ 72 से 74 तक बिना क्रमांक की एक जापानी लोककथा दो मेंढकों की यात्रा छपी है, जो बताती है कि किसी जगह को जानने के लिए वहाँ जाकर, ठीक दिशा में देखना ज़रूरी है।
How to Download NCERT Solutions for Class 5 Hindi Chapter 6 PDF
Follow these simple steps to get the चतुर चित्रकार questions-and-answers PDF from वीणा.
- Search NCERT Solutions for Class 5 Hindi Chapter 6 aglasem and open this page.
- Read the exercise questions with answers for चतुर चित्रकार shown above.
- Click the Download PDF link to save the चतुर चित्रकार solutions to your device.
NCERT Solutions for Class 5 Hindi – All Chapters
There are more chapters to study besides चतुर चित्रकार in Hindi. Here are the NCERT Solutions for all chapters of Class 5 Hindi.
- Chapter 1 किरन
- Chapter 2 न्याय की कुर्सी
- Chapter 3 चाँद का कुरता
- Chapter 4 साङ्केन
- Chapter 5 सुंदरिया
- Chapter 6 चतुर चित्रकार
- Chapter 7 मेरा बचपन
- Chapter 8 काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान की यात्रा
- Chapter 9 न्याय
- Chapter 10 तीन मछलियाँ
- Chapter 11 हमारे ये कलामंदिर
- Chapter 12 गंगा की कहानी
NCERT Solutions for Class 5 – All Subjects
Just like Chapter 6 of Hindi, you can get the exercise questions with answers for every other subject of Class 5. Here are the NCERT Solutions for all subjects of Class 5.
NCERT Solutions for Class 5 Hindi Chapter 6 – An Overview
The key highlights of this study material are as follows.
| Aspects | Details |
|---|---|
| Class | Class 5 |
| Subject | Hindi |
| Chapter Number | Chapter 6 |
| Chapter Name | चतुर चित्रकार |
| Book Name | वीणा |
| Book By | NCERT (National Council of Educational Research and Training) |
| Educational Resource Here | NCERT Solutions of Class 5 Hindi Chapter 6 for all exercises |
| More Questions Answers of This Subject | NCERT Solutions for Class 5 Hindi |
| Download Book Chapter | NCERT Book Class 5 Hindi |
| All Questions Answers For This Class | NCERT Solutions for Class 5 |
| Complete Solutions | NCERT Solutions |
NCERT Solutions for Class 5 Hindi Chapter 6 चतुर चित्रकार – FAQs
What are the NCERT Solutions for Class 5 Hindi Chapter 6 चतुर चित्रकार?
They are the complete, step-by-step answers to all the exercise and in-text questions of Chapter 6 चतुर चित्रकार from the NCERT Class 5 Hindi textbook वीणा, written by experts as per the latest NCERT syllabus.
How can I download the Class 5 Hindi Chapter 6 solutions PDF for free?
Open this page on aglasem, read the चतुर चित्रकार questions with answers, and click the “Download Solutions PDF” link. The Class 5 Hindi Chapter 6 NCERT Solutions PDF is completely free to download.
Are these NCERT Solutions as per the latest 2026-27 syllabus?
Yes. The NCERT Solutions for Class 5 Hindi Chapter 6 are based on the latest NCERT textbook वीणा and the current 2026-27 CBSE syllabus, so the questions and answers match what you study in class.
Where can I get NCERT Solutions for the other chapters of Class 5 Hindi?
You can find the answers to every chapter on the NCERT Solutions for Class 5 Hindi page, and solutions for every subject on the NCERT Solutions for Class 5 page.
How do NCERT Solutions help in exam preparation?
They show the correct method to solve each question, help you write answers the way they are expected in exams, let you check and correct your own work, and save revision time — which together improve your marks in Class 5 Hindi.
If you have any queries on NCERT Solutions for Class 5 Hindi Chapter 6 चतुर चित्रकार, then please ask in the comments below.
