NCERT Solutions for Class 7 Hindi Chapter 2 Teen Buddhiman provide clear, step-by-step answers to every exercise and in-text question from the chapter Teen Buddhiman of the NCERT textbook Malhar. Prepared by subject experts as per the latest NCERT (CBSE) syllabus for 2026-27, these NCERT Solutions for Class 7 Hindi help you understand each concept, write exam-ready answers, and check your own solutions. You can read them online below or download the free Class 7 Hindi Chapter 2 question-answer PDF.
NCERT Solutions for Class 7 Hindi Chapter 2 Teen Buddhiman
- Class: Class 7
- Subject: Hindi
- Chapter: Chapter 2 – Teen Buddhiman
- Textbook: Malhar (NCERT)
- Study material: NCERT Solutions – questions with answers, free PDF
These solutions answer all the exercise questions of Chapter 2 Teen Buddhiman — including the in-text questions, short-answer and long-answer questions, and activities — with complete explanations so you can follow the method, not just the final answer. Read the full solutions below.
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Questions Covered in This Chapter
These NCERT Solutions answer all 40 questions of this chapter. The questions solved are:
- (क) लोककथा के आधार पर नीचे दिए गए प्रश्नों का सटीक उत्तर कौन सा है? उसके सामने तारा (★) बनाइए। कुछ प्रश्नों के एक से अधिक उत्तर भी हो सकते हैं। (1) लोककथा में पिता ने अपने बेटों से ‘धन संचय करने’ को कहा। उनकी इस बात का क्या अर्थ हो सकता है? • खेती-बारी करना और धन इकट्ठा करना • पैनी दृष्टि और तीव्र बुद्धि का विकास करना • ऊँट का व्यापार करना • गाँव छोड़कर किसी नगर में जाकर बसना
- (2) तीनों भाइयों ने अपने ज्ञान और बुद्धि का उपयोग करके ऊँट के बारे में बहुत-कुछ बता दिया। इससे क्या निष्कर्ष निकाला जा सकता है? • बुद्धि का प्रयोग करके ऊँट के बारे में सब-कुछ बताया जा सकता है। • समस्या को सुलझाने के लिए ध्यान से निरीक्षण करना महत्वपूर्ण है। • किसी व्यक्ति का ज्ञान, बुद्धि और धन ही सबसे बड़ी ताकत है। • ऊँट के बारे में जानने के लिए दूसरों पर भरोसा करना चाहिए।
- (3) राजा ने भाइयों की बुद्धिमत्ता पर विश्वास क्यों किया? • भाइयों ने अपनी बात को तर्क के साथ समझाया। • राजा को ऊँट के स्वामी की बातों पर संदेह था। • राजा ने स्वयं ऊँट और पेटी की जाँच कर ली थी। • भाइयों ने राजा को अपनी बात में उलझा लिया था।
- (4) लोककथा के पात्रों और घटनाओं के आधार पर, राजा के निर्णय के पीछे कौन-सा मूल्य छिपा है? • दोषी को कड़ा से कड़ा दंड देना हर समस्या का सबसे बड़ा समाधान है। • अच्छी तरह जाँच किए बिना किसी को दोषी नहीं ठहराना चाहिए। • राजा की प्रत्येक बात और निर्णय को सदा सही माना जाना चाहिए। • ऊँट की चोरी के निर्णय के लिए सेवक की बुद्धि का उपयोग करना चाहिए।
- (ख) हो सकता है कि आपके समूह के साथियों ने भिन्न-भिन्न उत्तर चुने हों। अपने मित्रों के साथ चर्चा कीजिए कि आपने ये उत्तर ही क्यों चुने।
- पाठ में से चुनकर कुछ पंक्तियाँ नीचे दी गई हैं। इन्हें ध्यान से पढ़िए और इन पर विचार कीजिए। आपको इनका क्या अर्थ समझ में आया? अपने विचार अपने समूह में साझा कीजिए और लिखिए— (क) “रुपये-पैसे के स्थान पर तुम्हारे पास पैनी दृष्टि होगी और सोने-चाँदी के स्थान पर तीव्र बुद्धि होगी। ऐसा धन संचित कर लेने पर तुम्हें कभी किसी प्रकार की कमी न रहेगी और तुम दूसरों की तुलना में उन्नीस नहीं रहोगे।”
- (ख) “हर वस्तु और स्थिति को पूर्णत: समझने और जानने का प्रयास करो। कुछ भी तुम्हारी दृष्टि से न बच पाए।”
- (ग) “हमने अपने परिवेश को पैनी दृष्टि से देखने और बुद्धि से सोचने के प्रयास में बहुत समय लगाया है।”
- इस लोककथा में से चुनकर कुछ वाक्य नीचे स्तंभ 1 में दिए गए हैं। उनके भाव या अर्थ से मिलते-जुलते वाक्य स्तंभ 2 में दिए गए हैं। स्तंभ 1 के वाक्यों को स्तंभ 2 के उपयुक्त वाक्यों से सुमेलित कीजिए— स्तंभ 1: 1. कुछ समय पश्चात् पिता चल बसे। 2. हम कहीं भी क्यों न हों, भूखे नहीं मरेंगे। 3. घुड़सवार ने तीनों भाइयों को शंका की दृष्टि से देखा। 4. बचपन से ही हमें ऐसी आदत पड़ गई है कि हम कुछ भी अपनी दृष्टि से नहीं चूकने देते। 5. लोगों के आश्चर्य का कोई ठिकाना न था। स्तंभ 2: 1. घोड़े पर सवार व्यक्ति ने तीनों भाइयों को अविश्वास से देखा। 2. थोड़े समय के बाद पिता का देहांत हो गया। 3. लोग इतने अचंभित थे कि उनका आश्चर्य व्यक्त करना कठिन था। 4. बचपन से ही हमें आदत हो गई है कि हम हर छोटी-बड़ी वस्तु पर ध्यान अवश्य देते हैं। 5. हम चाहे जहाँ भी हों, हमें खाने के लिए कुछ न कुछ मिल ही जाएगा।
- लोककथा को एक बार फिर ध्यान से पढ़िए, पता लगाइए और लिखिए— (क) तीनों भाइयों ने बिना ऊँट को देखे उसके विषय में कैसे बता दिया था?
- (ख) आपके अनुसार इस लोककथा में सबसे अधिक महत्व किस बात को दिया गया है— तार्किक सोच, अवलोकन या सत्यवादिता? लोककथा के आधार पर समझाइए।
- (ग) लोककथा में राजा ने पहले भाइयों पर संदेह किया लेकिन बाद में उन्हें निर्दोष माना। राजा की सोच क्यों बदल गई?
- (घ) ऊँट के स्वामी ने भाइयों पर तुरंत संदेह क्यों किया? आपके विचार से उसे क्या करना चाहिए था जिससे उसे अपना ऊँट मिल जाता?
- (ङ) पिता ने बेटों को “दूसरे प्रकार का धन” संचित करने की सलाह क्यों दी? इससे पिता के बारे में क्या-क्या पता चलता है?
- (च) राजा ने भाइयों की परीक्षा लेने के लिए पेटी का उपयोग किया। इस परीक्षा से राजा के व्यक्तित्व और निर्णय शैली के बारे में क्या-क्या निष्कर्ष निकाला जा सकता है?
- (छ) आप इस लोककथा के भाइयों की किस विशेषता को अपनाना चाहेंगे और क्यों?
- अपने समूह में मिलकर चर्चा कीजिए— (क) यदि राजा ने बिना जाँच के भाइयों को दोषी ठहरा दिया होता तो इस लोककथा का क्या परिणाम होता?
- (ख) यदि भाइयों ने अनार के बारे में सही अनुमान न लगाया होता तो लोककथा का अंत किस प्रकार होता? अपने विचार व्यक्त करें।
- (ग) लोककथा में यदि तीनों भाई ऊँट को खोजने जाते तो उन्हें कौन-कौन सी कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता था?
- (घ) यदि राजा के स्थान पर आप होते तो भाइयों की परीक्षा लेने के लिए किस प्रकार के सवाल या गतिविधियाँ करते? अपनी कल्पना साझा करें।
- नीचे दिए गए रिक्त स्थानों में ‘बुद्धि’ से जुड़े शब्द अपने समूह में चर्चा करके लिखिए— (शब्द-जाल के बीच में ‘बुद्धि’ लिखा है और उससे जुड़े खानों में से एक में ‘मस्तिष्क’ पहले से भरा हुआ है।)
- लोककथा के लिखित रूप में आने से पहले कहानियों का प्रचलन मौखिक रूप में ही पीढ़ी-दर-पीढ़ी चलता था। … अब आप अपने समूह के साथ मिलकर इस लोककथा को रोचक ढंग से सुनाइए। लोककथा को प्रभावशाली और रोचक रूप में सुनाने के लिए नीचे कुछ सुझाव दिए गए हैं जो लोककथा को और भी आकर्षक बना सकते हैं— (कथा सुनाना: स्वर में उतार-चढ़ाव, भावनाओं की अभिव्यक्ति, पात्रों के लिए अलग-अलग स्वर, हाथों और शरीर का उपयोग, हास्य का प्रयोग, विवरणात्मक भाषा का उपयोग, रोचक मोड़, संवादों को स्पष्ट और प्रासंगिक बनाना।)
- नीचे दिए गए वाक्यों में कारक लिखकर इन्हें पूरा कीजिए — (दिए गए कारक: ने, को, पर, से, के द्वारा, का, में, के लिए, की, के, हे, हो, अरे) 1. “हमने तो तुम्हारे ऊँट ______ देखा तक नहीं”, भाइयों ______ परेशान होते हुए कहा।
- 2. “मैं अपने रेवड़ों ______ पहाड़ों ______ लिये जा रहा था”, उसने कहा, “और मेरी पत्नी मेरे छोटे-से बेटे ______ साथ एक बड़े-से ऊँट ______ मेरे पीछे-पीछे आ रही थी।”
- 3. राजा ______ उसी समय अपने मंत्री ______ बुलाया और उसके कान ______ कुछ फुसफुसाया।
- 4. यह सुनकर राजा ______ पेटी ______ पास लाने ______ आदेश दिया। सेवकों ______ तुरंत आदेश पूरा किया। राजा ______ सेवकों ______ पेटी खोलने ______ लिए कहा।
- कल्पना कीजिए कि आप इस लोककथा के वह घुड़सवार हैं जिसका ऊँट खो गया है। आप अपने ऊँट को खोजने के लिए एक सूचना कागज पर लिखकर पूरे शहर में जगह-जगह चिपकाना चाहते हैं। अपनी कल्पना और लोककथा में दी गई जानकारी के आधार पर एक सूचनापत्र लिखिए।
- लोककथा में तीन भाइयों की पैनी दृष्टि की बात कही गई है। क्या आपने कभी अपनी पैनी दृष्टि का प्रयोग किसी समस्या को हल करने के लिए किया है? उस समस्या और आपके द्वारा दिए गए हल के विषय में लिखिए।
- लोककथा में बताया गया है कि भाइयों ने “बचपन से हर वस्तु पर ध्यान देने की आदत डाली।” यदि आपने ऐसा किया है तो आपको अपने जीवन में इसके क्या-क्या लाभ मिलते हैं?
- लोककथा में भाइयों को यात्रा करते समय अनेक कठिनाइयाँ आईं, जैसे— भूख, थकान और पैरों में छाले। आप अपने दैनिक जीवन में किन-किन कठिनाइयों का सामना करते हैं? लिखिए।
- भाइयों ने बिना देखे ही ऊँट के बारे में सही-सही बातें बताईं। क्या आपको लगता है कि अनुभव और समझ से देखे बिना भी सही निर्णय लिया जा सकता है? क्या आपने भी कभी ऐसा किया है?
- जब ऊँट के स्वामी ने भाइयों पर शंका की तो भाइयों ने बिना गुस्सा किए शांति से उत्तर दिया। क्या आपको लगता है कि कभी किसी को संदेह होने पर हमें भी शांत रहकर उत्तर देना चाहिए? क्या आपने कभी ऐसी स्थिति का सामना किया है? ऐसे में आपने क्या किया?
- राजा ने भाइयों की बुद्धिमानी देखकर बहुत आश्चर्य व्यक्त किया। क्या आपको कभी किसी की सोच, समझ या किसी विशेष कौशल को देखकर आश्चर्य हुआ है? क्या आपने कभी किसी से कुछ ऐसा सीखा है जो आपके लिए बिलकुल नया और चौंकाने वाला हो?
- लोककथा में पिता ने अपने बेटों को यह सलाह दी कि वे समझ और ज्ञान जमा करें। क्या आपको कभी किसी बड़े व्यक्ति से ऐसी कोई सलाह मिली है जो आपके जीवन में उपयोगी रही हो? क्या आप भी अपने अनुभव से किसी को ऐसी सलाह देंगे?
- भाइयों ने अपने ऊपर लगे आरोपों के होते हुए भी सदा सच्चाई का साथ दिया। क्या आपको लगता है कि सदा सच बोलना महत्वपूर्ण है, भले ही स्थिति कठिन क्यों न हो? क्या आपको किसी समय ऐसा लगा है कि आपकी सच्चाई ने आपको समस्याओं से बाहर निकाला हो?
- (क) ‘हाँ’ या ‘नहीं’ प्रश्न-उत्तर खेल — चरण— 1. एक विद्यार्थी कक्षा से बाहर जाकर दिखाई देने वाली किसी एक वस्तु या स्थान का नाम चुनेगा। कक्षा के भीतर से भी कोई नाम चुना जा सकता है। 2. विद्यार्थी वापस कक्षा में आएगा और उस नाम को एक कागज पर लिख लेगा। लेकिन ध्यान रहे, वह कागज पर लिखे नाम को किसी को न दिखाए। 3. अन्य विद्यार्थी बारी-बारी से उस वस्तु का नाम पता करने के लिए प्रश्न पूछेंगे। 4. प्रत्येक प्रश्न का उत्तर केवल ‘हाँ’ या ‘नहीं’ में दिया जाएगा। उदाहरण के लिए— • क्या इस वस्तु का उपयोग कक्षा में होता है? • क्या यह खाने-पीने की चीज है? • क्या यह लकड़ी से बनी है? • क्या यह बिजली से चलती है? 5. सभी विद्यार्थी अधिकतम 20 प्रश्न ही पूछ सकते हैं। … 8. गतिविधि के अंत में सभी मिलकर इस खेल से जुड़े अपने अनुभवों के बारे में चर्चा करें।
- (ख) गतिविधि— ‘स्पर्श, गंध और स्वाद से पहचानना’ — 1. एक थैले या डिब्बे में (सावधानीपूर्वक एवं सुरक्षित) विभिन्न वस्तुएँ (जैसे— फल, फूल, मसाले, खिलौने, कपड़े, किताब, गुड़ आदि) रखें। 2. विद्यार्थियों को आँखों पर पट्टी बाँधकर केवल स्पर्श, गंध या स्वाद का उपयोग करके वस्तु की पहचान करनी होगी और उसका नाम बताना होगा। … 7. अंत में सभी वस्तुओं को कक्षा में दिखाएँ और उनके बारे में चर्चा करें कि किस वस्तु को पहचानना आसान या कठिन लगा।
- 1. कौन है यह प्राणी? 1. इसकी लंबी पूँछ होती है जो पेड़ों की शाखाओं के चारों ओर लिपटी रहती है। 2. इसका मुख्य आहार कीट और छोटे जीव होते हैं जिन्हें यह चुपके से पकड़ता है। 3. यह प्राणी अपने परिवेश में घुल-मिल जाता है और अपनी रंगत को बदल सकता है। 4. इसके पास तेज आँखें होती हैं जो चारों दिशाओं में देख सकती हैं।
- 2. रंगीन डिब्बे — एक मेज पर चार रंगीन डिब्बे बराबर-बराबर रखे हैं— लाल, हरा, नीला और पीला। बताइए पीले डिब्बे के बराबर में कौन-सा डिब्बा है? यदि— 1. लाल डिब्बा नीले डिब्बे के पास है। 2. हरा डिब्बा पीले डिब्बे के पास नहीं है। 3. पीला डिब्बा लाल डिब्बे के पास नहीं है। 4. हरा डिब्बा लाल डिब्बे के पास है।
- नीचे दिए गए लिंक का प्रयोग करके आप बहुत-सी अन्य लोककथाएँ देख-सुन सकते हैं— • सुनो लोककथा • दुनिया की छत • भूल चूक लेनी देनी
Chapter at a Glance
- तीन बुद्धिमान एक लोककथा है — यानी पीढ़ी-दर-पीढ़ी मौखिक रूप से चली आई कहानी। पुस्तक में इसके किसी लेखक का नाम नहीं दिया गया, क्योंकि लोककथा किसी एक व्यक्ति की रचना नहीं होती।
- एक निर्धन पिता अपने तीन बेटों से कहता था — हमारे पास रुपया-पैसा और सोना-चाँदी नहीं है, इसलिए तुम “दूसरे प्रकार का धन” संचित करो, यानी पैनी दृष्टि और तीव्र बुद्धि । पिता की मृत्यु के बाद तीनों भाई जगत देखने निकल पड़े।
- चालीस दिन की थकाऊ यात्रा के बाद वे एक बड़े नगर के पास पहुँचे। रास्ते के चिह्न देखकर बड़े भाई ने कहा — यहाँ से एक बहुत बड़ा ऊँट गया है; मझले ने कहा — वह एक आँख से नहीं देख पाता ; छोटे ने कहा — उस पर एक महिला और एक बच्चा सवार थे।
- यही बातें सुनकर ऊँट के स्वामी (घुड़सवार) ने उन्हें चोर समझ लिया और राजा के पास ले गया। राजा ने उनकी परीक्षा ली — एक बंद पेटी मँगवाई और पूछा कि उसमें क्या है। भाइयों ने बता दिया — उसमें एक कच्चा अनार है। पेटी खुली तो बात सही निकली।
- भाइयों ने अपने-अपने अनुमान का तर्क भी बताया — धूल पर पैरों के चिह्न, सड़क के केवल एक ओर चरी हुई घास, रेत पर महिला के जूतों और बच्चे के छोटे पैरों के निशान, पेटी का हल्कापन और गोल वस्तु के लुढ़कने की ध्वनि, तथा महल के उद्यान में लगे कच्चे अनार।
- कथा का संदेश — अवलोकन + तर्क = बुद्धि । राजा ने कहा — “धन-संपत्ति या सांसारिक वस्तुओं की दृष्टि से तो तुम धनवान नहीं हो लेकिन तुम्हारे पास बुद्धि का बहुत बड़ा कोष है”, और तीनों को अपने दरबार में रख लिया।
- भाषा की दृष्टि से यह पाठ कारक (परसर्ग) सिखाता है — ने, को, से, के लिए, का/की/के, में, पर, के द्वारा, हे/हो/अरे — वे शब्द जो संज्ञा-सर्वनाम का वाक्य के दूसरे शब्दों से संबंध जोड़ते हैं।
How to Download NCERT Solutions for Class 7 Hindi Chapter 2 PDF
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NCERT Solutions for Class 7 Hindi – All Chapters
There are more chapters to study besides Teen Buddhiman in Hindi. Here are the NCERT Solutions for all chapters of Class 7 Hindi.
- Chapter 1 Maa Kah Ek Kahani
- Chapter 2 Teen Buddhiman
- Chapter 3 Phool Aur Kanta
- Chapter 4 Paani Re Paani
- Chapter 5 Nahin Hona Bimar
- Chapter 6 Giridhar Kavirai Ki Kundaliya
- Chapter 7 Varsha Bahar
- Chapter 8 Birju Maharaj Se Sakshatkar
- Chapter 9 Chidiya
- Chapter 10 Meera Ke Pad
NCERT Solutions for Class 7 – All Subjects
Just like Chapter 2 of Hindi, you can get the exercise questions with answers for every other subject of Class 7. Here are the NCERT Solutions for all subjects of Class 7.
NCERT Solutions for Class 7 Hindi Chapter 2 – An Overview
The key highlights of this study material are as follows.
| Aspects | Details |
|---|---|
| Class | Class 7 |
| Subject | Hindi |
| Chapter Number | Chapter 2 |
| Chapter Name | Teen Buddhiman |
| Book Name | Malhar |
| Book By | NCERT (National Council of Educational Research and Training) |
| Educational Resource Here | NCERT Solutions of Class 7 Hindi Chapter 2 for all exercises |
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NCERT Solutions for Class 7 Hindi Chapter 2 Teen Buddhiman – FAQs
What are the NCERT Solutions for Class 7 Hindi Chapter 2 Teen Buddhiman?
They are the complete, step-by-step answers to all the exercise and in-text questions of Chapter 2 Teen Buddhiman from the NCERT Class 7 Hindi textbook Malhar, written by experts as per the latest NCERT syllabus.
How can I download the Class 7 Hindi Chapter 2 solutions PDF for free?
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Yes. The NCERT Solutions for Class 7 Hindi Chapter 2 are based on the latest NCERT textbook Malhar and the current 2026-27 CBSE syllabus, so the questions and answers match what you study in class.
Where can I get NCERT Solutions for the other chapters of Class 7 Hindi?
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